शुक्रवार, अक्तूबर 12, 2007

दौड़ने संबन्धी जानकारी

मुझे दौडना बेहद पसंद है। अफ़सोस है कि चाहकर भी उतना नहीं दौड़ पाता जितना दिल करता है। शायद जल्दी ही मैं भी हफ्ते में कम से कम ३०-३५ मील दौडना शुरू करूं, आमीन !!!

दौड़ने के लिये कुछ टिप्स:

१) अगर आप नहीं दौड़ते हैं तो आज ही शुरू कीजिये और देखिये आप कितना आनंद प्राप्त करते हैं।
२) १०० मीटर से लेकर २० मील तक दौड़ने वाले सभी धावक होते हैं। आप जितना भी दौडें आनंद से दौडें। अगर साथ में कोई साथी मिल जाये तो सोने पे सुहागा।
३) दौड़ते समय ढीले कपडे पहनें और बिना अच्छे जूतों के कभी ना दौडें।
४) अच्छे जूते का चुनाव करते समय किसी अनुभवी व्यक्ति से राय ले सकते हैं।
५) अगर आपके जूते का नंबर X है तो (X+0.5) से (x+1.0) नंबर का जूता पहनकर दौडें।
६) दौड़ते समय शरीर में जल की कमी न रखें।
७) प्रारम्भ में सदैव धीरे धीरे दौडें।

दौड़ते समय की तीन अवस्थाओं में अंतर करना सीखें।

१) थकान:

थकान का अहसास दौड़ने के अलग अलग चरणों में अलग अलग प्रकार से होता है। शुरू के दिनों में ज़रा सा दौड़ते ही थकान लगने लगती है। आप स्वयं से कहते हैं बस अब नहीं होता, थोडा पैदल चल लूं और फिर दौडना शुरू करूंगा। थोडा पैदल चलने के बाद ज़रा सा दौड़ने पर ही दम फूलने लगता है और अगर आप दौडना स्थगित कर दें तो आप फिर सामान्य हो जाते हैं। कुछ अपवादों को छोड़कर ये सभी थकान के लक्षण हैं और ये लक्षण आपकी शारीरिक बनावट, अभ्यास और दौड़ने के अनुभवों पर निर्भर करते हैं।


२) दर्द:

नया नया दौड़ना प्रारम्भ करने वाले अपने आलस्य के कारण थकान को दर्द समझते हैं और दौडना बंद करके सामन्य रुप से चलकर अपना मार्ग समाप्त करते हैं। इससे कोई नुकसान नहीं होता है और थोड़े दिनों के बाद उनका आलस्य समाप्त हो जाता है।

कभी कभी अनुभवी धावक दर्द को केवल थकान मानकर दौड़ते रहते हैं और बेवजह ही अपने दर्द को चोट में तब्दील कर लेते हैं। दौड़ते समय जरूरी नहीं कि केवल आपके पैरों की मांसपेशियों में ही दर्द हो। तलुवे, पंजे, टखने, घुटने और क़मर में दर्द होने की संभावनाएं अधिक हैं लेकिन इसके अलावा आपके कंधे, गर्दन और पेट में भी दौड़ने से दर्द हो सकता है। यह महत्वपूर्ण है कि आप अपने किसी भी दर्द को मामूली न समझें। दर्द का सीधा सा अर्थ है कि आपको रूक कर इसके बारे में विचार करने की आवश्यकता है। दौड़ते समय दर्द होने के मुख्य कारण हो सकते हैं:

अ) अच्छे जूते पहनकर न दौडना
ब) अच्छे जूते पहनकर न दौडना (जानबूझकर दो बार लिखा गया है )
स) दौड़ने से पहले हाथ पैरों का व्यायाम (Stretching) न करना
द) दौड़ते समय शरीर का संतुलन सही होना
ध) दौड़ते समय शरीर में आवश्यक जल/Electrolytes की कमी
न) भोजन करने के तुरंत बाद दौडना

३) चोट:

यदि आपको दौडना पसंद है तो ईश्वर न करे आपको ये दिन देखना पडे। दौड़ने संबन्धी चोट दो प्रकार की होती हैं। अचानक से लगी हुयी चोट, जिसको आप अपनी सावधानी से टाल सकते हैं। और दूसरी लंबे समय तक किसी दर्द की अवस्था को नजरअंदाज करने के फलस्वरूप विकसित हुयी चोट। दूसरे प्रकार की चोट ठीक होने में लंबा समय लेती है और इसके पुनः लौटने की संभावना भी बनी रहती है। कई बार धावक अपनी चोट को पूरी तरह से ठीक नहीं होने देते हैं जिसके कारण उन्हें अधिक कष्ट झेलना पड़ता है।

मैंने एक बार एक बडे अनुभवी धावक से कुछ टिप्स मांगी थी तो उन्होने कहा

१) हाईड्रेट हाईड्रेट हाईड्रेट: अर्थात पानी की कमी न रखो।
२) अपनी सभी चोटों को अत्यधिक गम्भीरता से लो।

अभी के लिए बस इतना ही, अगली बार आपको दौड़ने की कुछ और टिप्स और इसके ढ़ेर सारे फ़ायदे बतायेंगे जिससे युवाओं को काफी फायदा हो सकता है :-)

6 टिप्‍पणियां:

  1. दौड़ पाऊं या ना दौड़ पाऊं……मगर दौड़ने की इच्छा जरूर बलवती हो गयी आप्का लेख पढ़कर……शुक्रिया नीरज जी…लेख अच्छा लगा

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  2. लगता है बिना दौड़ाये छोड़ोगे नहीं! :-)

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  3. पढ़ते पढ्ते ही पैर में दर्द सा उठने लगा-थकान ही होगी. पानी पी लेता हूँ. :)

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  4. bahut achhi post hai. apane blog par aapka comment dekha or yahan par aayi. rasoi waali or doosarii posts bhi padi. aapka dil bahut saaf hai, is saafgai ko aise hi banaye rakhe.
    Mera hamesha se yahi kahana hai kii jo khaana janata hai, use bananaa jroor aana chahiye. khaana banaana sbse aasan kaam hai.

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  5. मे रोज दौड़ता मुझे दौड़ते हुए 3-4 महीने हो गए
    पर 4-5 दिन से पेट बहुत दर्द करता है अचानक रूकना पड़ता हे
    Plz give me a solution for this problem

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  6. मै ज्यादा दौड़ता हूँ तो मेरे पंजो में दर्द होता है ऐसा लगता कि कुछ चुभ रहा है और करंट flow हो रहा है मैं क्या करूँ tell me ///?????

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